इंदौर। जेएनयू में हुए नकाबपोश हमले के बाद पूरे देश में खासकर युवाओं में आक्रोश है। सोशल मीडिया पर जंग छिड़ी हुई है। जितने लोग हिंसा के खिलाफ है उससे कहीं बड़ी संख्या हिंसा को सही बताने वाले कुतर्कों से भरी है। हिंसा की इसी सोच पर डेली छत्तीसगढ़ के संपादक सुनील कुमार का रचनात्मक प्रयास- दीवारों पर लिखा है।
You may also like
-
शातिर जोशी शिकंजे में… खुद तो डूबे, बेटे-बहू, बेटी, बहन, बहनोई को भी ले डूबे !
-
शिवसेना के दांत भी टूटे … महाराष्ट्र में ‘संजय’ ने उद्धव को बना दिया धृतराष्ट्र
-
‘छोटी मूंगफली दीपक जोशी’ … वाट्सअप ग्रुप के खिलाफ पूर्व मंत्री ने दर्ज कराई शिकायत
-
राहुल अब रुकने वाले नहीं हैं ! ‘इंडिया’ साथ चलेगा क्या ?
-
₹370 की बिरयानी: असली कहानी तालियाँ क्यों थीं
