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भोपाल। कांग्रेस ने अपने बचे हुए 18 उम्मीदवारों के नाम तय कर दिए हैं। इसमें बड़े नाम शामिल हैं। सूत्रों के अनुसार राजगढ़ से पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह, गुना से अरुण यादव और झाबुआ-रतलाम से पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया के नाम पर सहमति बन गई है। कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष जीतू पटवारी और नेताप्रतिपक्ष उमंग सिंघार चुनाव नहीं लड़ेंगे।
लम्बी जद्दोजेहद के बाद कांग्रेस की बैठक में मध्य्रपदेश के टिकटों को लेकर फैसला हुआ। राजगढ़ से पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह लड़ सकते हैं। दिग्विजय केभाई लक्ष्मण सिंह इस सीट से सांसद रह चुके हैं। दिग्विजय के इस सीट पर मजबूत पकड़ भी हैं। बीजेपी ने यहाँ से रोडमल नागर को मैदान में उतारा है। दिग्विजय यदि यहाँ से लड़ते हैं तो मुकाबला तगड़ा होने की सम्भावना है।
दूसरी बड़ी टक्कर गुना में देखने को मिल सकती है। यहाँ से केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया मैदान में हैं। उनके सामने कांग्रेस ने अरुण यादव को उतारने काफैसला लगभग कर लिया है। यादव ने खुद भी इस सीट से लड़ने की इच्छा जताई थी। मालूम हो कि पिछले लोकसभा चुनाव में सिंधिया कांग्रेस के टिकट पर इस सीट से लड़कर हार चुके हैं। उन्हें बीजेपी के के पी सिंह यादव ने हराया था। यादव वोटर्स की एकजुटता रही तो बहुत संभव है यहाँ भी मुकाबला एकतरफा नहीं रहेगा।
तीसरी और बड़ी मजबूत सीट है रतलाम-झाबुआ। इस सीट से सबसे मजबूत दावेदारी पूर्व केंद्रीय मंत्री कांतिलाल भूरिया की है। भूरिया के नाम पर पार्टी सहमत है। पिछली बार जरूर भूरिया यहाँ से बीजेपी के जीएस डामोर से हार गए थे। इस बार बीजेपी ने अनीता चौहान को टिकट दिया है। अनीता के पति नागर सिंहचौहान मध्यप्रदेश सरकार में मंत्री हैं।
इसके अलावा इंदौर से अक्षय कांतिलाल बम के नाम पर पार्टी में सहमति दिखाई दे रही है।
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