- पीथमपुर में पहला ट्रायल आज
- 24 थानों की पुलिस रहेगी तैनात
- पीथमपुर स्थित रामकी संयत्र में जलेगा कचरा
- भोपाल यूनियन कार्बाइड फैक्टरी में जमा 337 मीट्रिक टन जहरीला रासायनिक कचरे
इंदौर (पीथमपुर )।सुप्रीम कोर्ट ने भोपाल की यूनियन कार्बाइड फैक्टरी के रासायनिक कचरे को पीथमपुर में जलाने से रोकने वाली याचिकाओं पर हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया है। सुप्रीम कोर्ट में आज 27 फ़रवरी को इस मामले की सुनवाई हुई। कोर्ट ने कहा कि याचिकाकर्ताओं के सभी पक्षों को हाईकोर्ट ने सुन लिया है और अभी वह कोई सुनवाई नहीं करेगा। सुप्रीम कोर्ट के इस रुख के बाद अब पीथमपुर में यूनियन कार्बाइड के रासायनिक कचरे के निष्पादन का ट्रायल आज से शुरू होगा। कचरा जलाने का दूसरा ट्रायल 4 मार्च और तीसरा 12 मार्च से शुरू होगा. आज शुरू हो रहे पहले ट्रायल के दौरान 24 थानों की पुलिस मौके पर तैनात रहेगी।
पीथमपुर में कचरा निपटान मामले को लेकर शुरू से ही स्थानीय संगठन विरोध कर रहे हैं। विशेषज्ञ भी मानते हैं कि यूनियन कार्बाइड के जहरीले कचरे को जलाने से बड़ी मात्रा में टॉक्सिक गैसें निकलेंगी, जिससे पीथमपुर और आसपास के शहरों की हवा दूषित हो सकती है। इसी कारण पिछले कुछ महीनों से लगातार विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद प्रशासन हरकत में आ गई है। प्रशासन, कचरा जलाने के विरोध में दायर याचिका को लेकर पहले से ही काफी सतर्क है। 3 जनवरी को हुए कचरा जलाने को लेकर हुए विरोध को देखते हुए प्रशासन अब कोई कोताही नहीं बरतना चाहता है। लिहाजा, इंदौर देहात और धार जिले के 24 थानों से 500 से ज्यादा पुलिसकर्मी तैनात किया हैं।
जबलपुर हाईकोर्ट ने मामले में तीन चरणों में ट्रायल रन के आदेश दिए थे। हाईकोर्ट के फैसले के बाद कचरा जलाने के खिलाफ सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर की गई थी। लेकिन सुप्रीम कोर्ट के इनकार के बाद पीथमपुर स्थित रामकी संयत्र में कचरा निपटान का ट्रायल शुरू होगा।
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