हिंदू धर्म में कितने भगवान हैं? तीन करोड़. एक व्यक्ति भगवान वेंकटेश्वर को प्रणाम करता है, तो कोई शिव का अनुयायी है. जो कुंवारे हैं, उनके लिए भगवान हनुमान हैं. जो दो बार शादी करते हैं, उनके भगवान अलग हैं. जो शराब पीते हैं, उनके लिए एक और भगवान हैं. येल्लम्मा, पोचम्मा, मैसम्मा. मुर्गा खाने वाले लोगों के अलग भगवान हैं. दाल-चावल खाने वालों के एक और भगवान हैं
हैदराबाद। तेलंगाना में कांग्रेसी सीएम रेवंत रेड्डी ने कहा कि हिंदू कितने देवताओं में विश्वास करते हैं? तीन करोड़? इतने सारे देवता क्यों? कुंवारों का अपने देवता हनुमान होते हैं। जो दो बार शादी करते हैं उनका एक और देवता होता है। जो शराब पीते हैं उनका एक और। शराब और मुर्गे की बलि के लिए एक। शाकाहारी चावल के लिए एक। वे खुलेआम देवतताओं की संख्या और लोगो की आस्था का मजाक उड़ाते रहे।
उनके इस बयान के खिलाफभाजपा ने तीखे तेवर अपनाये हैं। बीजेपी ने मोर्चा खोल दिया। संसद सत्र होने के कारण हैदराबाद से दिल्ली तक उनके विवादित बयान की गूंज सुनाई दी। खुद कांग्रेस सांसद इमरान मसूद ने कहा किमुझे नहीं पता उन्होंने क्या बयान दिया, लेकिन शब्दों का चयन ऐसा होना चाहिए कि किसी की भावनाएं आहत न हों। बीजेपी का आरोप है कि वह मुस्लिम तुष्टिकरण के लिए हिंदू संस्कृति का अपमान करते हैं।
हिंदू देवी-देवताओं के बारे में आपत्तिजनक बयान देने वाले तेलंगाना के मुख्यमंत्री रेवंत रेड्डी की चौतरफा आलोचना हो रही है। ऐसा पहली बार नहीं है कि रेवंत रेड्डी अपने बेबाक बोल के लिए विरोधियों के निशाने पर आए हैं। पिछले दिनों जुबली हिल्स उपचुनाव के दौरान रेवंत रेड्डी ‘ कांग्रेस का मतलब मुसलमान’ बता चुके हैं। 2023 में उन्होंने ‘हमारा डीएनए बिहार के DNA से बेहतर’ वाला बयान देकर देश की राजनीति में खलबली मचा दी थी। अगस्त 2025 में दिल्ली के जंतर-मंतर पर भी वह राहुल गांधी के विरोधियों के लिए ‘राजनीतिक मौत’ जैसा विवादित बयान दे चुके हैं।
रेड्डी पहले भी विवादित बयानों को लेकर सुर्खियों में रहे हैं। बिहारी डीएनए, पीएम मोदी की बांह मरोड़ने, कांग्रेस का मतलब मुसलमान जैसे बयानों के कारण उनकी काफी आलोचना हुई और इस कारण कांग्रेस को भी मुसीबत झेलनी पड़ी।
You may also like
-
सुभाष चंद्रा के 22 हजार करोड़ कर्ज का 6.5 करोड़ में निपटारा, कांग्रेस ने उठाए सवाल
-
नेपाल में बाढ़ की तबाही: भोटेकोशी नदी क्यों बनी मौत का सैलाब? 5 बड़े कारण
-
‘पवित्र ग्रंथ सांस्कृतिक मान्यताएं हैं, इतिहास नहीं’- कॉमेडियन कुणाल कामरा
-
कृति सेनन का रक्षाबंधन विज्ञापन GIVA ने हटाया, कपड़ों पर विवाद के बाद मचा बवाल
-
‘हिजाब सिर पर है, दिमाग पर नहीं’, इलाहाबाद HC के फैसले पर ओवैसी का पलटवार, अनुच्छेद 19-25 का दिया हवाला
