रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ की देश में ‘हाइब्रिड मॉडल’ वाली टिप्पणी का जिक्र करते हुए इमरान का जवाब
#politicswala report
Imran Khan twitt- पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान ने कहा कि पाकिस्तान में इस समय ‘‘पूर्ण सैन्यशासन और तानाशाही है, न कि हाइब्रिड सिस्टम’’।
यह जवाब उन्होंने रक्षा मंत्री ख्वाजा आसिफ की देश में ‘हाइब्रिड मॉडल’ वाली टिप्पणी का जिक्र करते हुए दिया ।
रक्षा मंत्री ने 20 जून को कहा था कि देश में ‘‘हाइब्रिड मॉडल’’ के तहत शासन किया जा रहा है, जिसमें सेना के पास सत्ता का बड़ा हिस्सा है।
आसिफ सत्तारूढ़ पीएमएल-एन के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के करीबी सहयोगी हैं।
पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (पीटीआई) के संस्थापक खान की यह आलोचना उस समय आई है जब एक दिन पहले
पीटीआई के कुछ नेताओं ने कहा था कि रक्षा मंत्री ने स्वीकार किया है कि
पाकिस्तान मुस्लिम लीग-नवाज (पीएमएल-एन) की सरकार ‘‘कठपुतली शासन’’ है।
जेल में बंद खान के आधिकारिक ‘एक्स’ खाते से किए गए पोस्ट में आसिफ के बयान पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा गया,
‘‘इस समय पाकिस्तान में कोई ‘हाइब्रिड सिस्टम’ नहीं है। हम जो देख रहे हैं वह पूर्ण सैन्य शासन और तानाशाही है।’’
पोस्ट में 18 जून को ‘व्हाइट हाउस’ (अमेरिका के राष्ट्रपति का कार्यालय एवं आधिकारिक आवास) में ट्रंप के साथ मुनीर की बैठक का जिक्र करते हुए कहा गया, ‘‘पाकिस्तान में सैन्य शासन का एक स्पष्ट
उदाहरण यह है कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने (प्रधानमंत्री) शहबाज शरीफ या (राष्ट्रपति) आसिफ अली जरदारी के बजाय जनरल असीम मुनीर से मिलना चुना, क्योंकि
उन्हें भी पता है कि सारी ताकत मुनीर के पास है।’’
अगस्त 2023 से जेल में बंद खान के ‘एक्स’ खाते से पोस्ट कर कहा गया, ‘‘इसलिए मैंने हमेशा कहा है कि
बातचीत उन लोगों के साथ होनी चाहिए जिनके पास वास्तविक अधिकार हैं।’’
रक्षा मंत्री ने 20 जून को कहा था कि देश में ‘‘हाइब्रिड मॉडल’’ के तहत शासन किया जा रहा है,
जिसमें सेना के पास सत्ता का बड़ा हिस्सा है। आसिफ सत्तारूढ़ पीएमएल-एन के अध्यक्ष एवं पूर्व प्रधानमंत्री नवाज शरीफ के करीबी सहयोगी हैं।
You may also like
-
ट्रेनों में सिर्फ हलाल मांस ही क्यों परोसा जा रहा ? ये भेदभाव
-
मध्यांतर … कर्नाटक के नाटक की फिलहाल हैप्पी एंडिंग !
-
अच्छी खबर .. जम्मू में मुस्लिम पत्रकार का घर गिराए जाने के बाद हिंदू पड़ोसी ने ज़मीन उपहार में दी
-
SIR …’खूनी’ है देश का चुनाव आयोग !
-
एन एपलबॉम : ट्रंप का ‘डीलमेकर’ स्टीव विटकॉफ़ बार-बार रूस का पक्ष क्यों लेता है?
