‘कांवड़ियों को आतंकवादी कहा तो…’: मौलाना रशीदी पर टी राजा का पलटवार!
खजुराहो में बागेश्वर धाम पहुंचे तेलंगाना के विधायक टी राजा ने कांवड़ यात्रा को लेकर दिए गए मौलाना साजिद रशीदी के बयान पर तीखी प्रतिक्रिया दी है। टी राजा ने रशीदी पर निशाना साधते हुए कहा कि कांवड़ियों के बारे में कोई भी टिप्पणी करने से पहले 10 बार सोचना चाहिए।
उन्होंने सवाल उठाया कि जो लोग भगवान शिव की भक्ति में कांवड़ यात्रा करते हैं, उन्हें नशेड़ी या आतंकवादी कहना कैसे सही हो सकता है?
दरअसल, मौलाना साजिद रशीदी ने हाल ही में कांवड़ यात्रा में शामिल कुछ लोगों के व्यवहार को लेकर टिप्पणी की थी। उन्होंने आरोप लगाया था कि शराब या दूसरे नशीले पदार्थों का सेवन कर उपद्रव करने, पुलिस पर हमला करने या सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वाले लोगों को शिवभक्त नहीं कहा जा सकता।
रशीदी ने ऐसे लोगों को ‘आतंकवादी’ तक बताया था। उनके इस बयान के बाद कई नेताओं और संगठनों ने विरोध जताया।
टी राजा ने इसी बयान पर पलटवार करते हुए कहा कि कांवड़ियों को लेकर इस तरह के शब्दों का इस्तेमाल करना बेहद आपत्तिजनक है।
उन्होंने कहा कि अगर किसी व्यक्ति ने गलत काम किया है तो उसके खिलाफ कार्रवाई होनी चाहिए, लेकिन उसके आधार पर पूरी कांवड़ यात्रा और सभी श्रद्धालुओं को निशाना बनाना उचित नहीं है। उन्होंने रशीदी से कहा कि धार्मिक यात्राओं में शामिल लोगों पर टिप्पणी करने से पहले उन्हें अपने शब्दों पर विचार करना चाहिए।
टी राजा ने अपने बयान में राजनीतिक दलों और नेताओं पर भी निशाना साधा। उन्होंने समाजवादी पार्टी और अखिलेश यादव पर आरोप लगाते हुए कहा कि सनातन से जुड़े मुद्दों पर पार्टी की भूमिका हमेशा विवादों में रही है।
टी राजा ने कहा कि अगर राजनीति ही करनी है तो उन लोगों की पार्टी में चले जाएं, जिन्होंने लाल टोपी पहनकर रामभक्तों पर गोली चलाई थी। हालांकि, ये टी राजा के राजनीतिक आरोप हैं और इस पर समाजवादी पार्टी की प्रतिक्रिया इस खबर में उपलब्ध नहीं है।
विधायक ने यह भी कहा कि अगर किसी को कानून तोड़ने वाले लोगों पर सवाल उठाना है तो वह कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों पर बात करे, लेकिन धार्मिक आस्था रखने वाले आम श्रद्धालुओं को आतंकवादी बताना उचित नहीं है।
उन्होंने कांवड़ यात्रा के दौरान हिंसा या उपद्रव करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की, लेकिन साथ ही सभी कांवड़ियों को एक ही नजर से देखने का विरोध किया।
इस विवाद के बीच मौलाना रशीदी के खिलाफ उत्तर प्रदेश के मुजफ्फरनगर में शिकायत के आधार पर मामला दर्ज होने की भी जानकारी सामने आई है। वहीं, कांवड़ियों पर उनकी टिप्पणी को लेकर दूसरे नेताओं ने भी सार्वजनिक रूप से विरोध जताया है।
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