कृति सेनन के रक्षाबंधन विज्ञापन को लेकर विवाद और GIVA द्वारा एड हटाने का मामला।

विवाद बढ़ने के बाद GIVA ने कृति सेनन का रक्षाबंधन विज्ञापन अपने सभी मीडिया प्लेटफॉर्म से हटा दिया।

कृति सेनन का रक्षाबंधन विज्ञापन GIVA ने हटाया, कपड़ों पर विवाद के बाद मचा बवाल

Share Politics Wala News

कृति सेनन का रक्षाबंधन विज्ञापन GIVA ने हटाया, कपड़ों पर विवाद के बाद मचा बवाल

रक्षाबंधन के मौके पर ज्वेलरी ब्रांड GIVA का अभिनेत्री कृति सेनन के साथ बनाया गया विज्ञापन अब विवाद के चलते हटा दिया गया है। विज्ञापन में कृति सेनन के पहनावे को लेकर सोशल मीडिया पर एक वर्ग ने आपत्ति जताई थी।

देखते ही देखते मामला इतना बढ़ गया कि अभिनेत्री कंगना रनौत ने भी विज्ञापन पर सवाल खड़े कर दिए।

इसके बाद GIVA ने बुधवार को बयान जारी करते हुए विज्ञापन को सभी मीडिया प्लेटफॉर्म से हटाने की जानकारी दी। ब्रांड ने कहा कि वह भारतीय संस्कृति, परंपराओं और त्योहारों का सम्मान करता है और अगर विज्ञापन से समाज के किसी वर्ग की भावनाएं अनजाने में आहत हुई हैं तो उसका ऐसा कोई इरादा नहीं था।

दरअसल, रक्षाबंधन से जुड़े इस विज्ञापन में कृति सेनन आधुनिक अंदाज वाले परिधान में नजर आई थीं। विज्ञापन में त्योहार के भावनात्मक संदेश के साथ पालतू जानवरों को भी परिवार का हिस्सा बताते हुए उनके साथ प्यार और अपनत्व का संदेश देने की कोशिश की गई थी।

लेकिन सोशल मीडिया पर चर्चा विज्ञापन के संदेश से ज्यादा कृति के कपड़ों को लेकर होने लगी। कुछ यूजर्स ने इसे पारंपरिक त्योहार के अनुरूप नहीं बताया और आलोचना शुरू कर दी।

विवाद को उस समय और हवा मिली जब अभिनेत्री और बीजेपी सांसद कंगना रनौत ने भी विज्ञापन पर प्रतिक्रिया दी। उन्होंने सवाल उठाया कि रक्षाबंधन जैसे त्योहार पर भाई को राखी बांधते समय इस तरह का पहनावा क्यों चुना गया। कंगना की टिप्पणी के बाद सोशल मीडिया पर विज्ञापन को लेकर बहस तेज हो गई और इसके समर्थन तथा विरोध में अलग-अलग राय सामने आने लगी।

वहीं कृति सेनन ने भी आलोचनाओं का जवाब देते हुए महिलाओं के पहनावे को लेकर सवाल उठाए। उनका कहना था कि त्योहारों की असली भावना कपड़ों में नहीं, बल्कि उनसे जुड़े रिश्तों, भावनाओं और परंपराओं में होती है।

उन्होंने यह भी सवाल किया कि आखिर महिलाओं को यह बताना कब बंद किया जाएगा कि उन्हें क्या पहनना चाहिए। कृति ने रक्षाबंधन को आपसी सुरक्षा, प्यार और परिवार के रिश्ते से जोड़ते हुए अपने पालतू जानवरों को भी परिवार का हिस्सा बताया।

इस पूरे विवाद में कांग्रेस नेता राहुल गांधी भी कृति के समर्थन में सामने आए। उन्होंने कहा कि महिलाओं को अपनी पसंद के कपड़े पहनने, काम करने और अपनी जिंदगी से जुड़े फैसले लेने की स्वतंत्रता है और इस आजादी के लिए उन्हें ट्रोल नहीं किया जाना चाहिए।

हालांकि विवाद बढ़ने के बाद GIVA ने विज्ञापन वापस लेने का फैसला किया। ब्रांड के मुताबिक, उसका उद्देश्य किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था। 

यह भी पढ़ें:

‘हिजाब सिर पर है, दिमाग पर नहीं’, इलाहाबाद HC के फैसले पर ओवैसी का पलटवार, अनुच्छेद 19-25 का दिया हवाला

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *