नई दिल्ली
अरुणाचल प्रदेश से एक बड़ी खबर सामने आई है। चांगलांग जिले में भारत-म्यांमार सीमा के पास मंगलवार सुबह संदिग्ध उग्रवादियों के हमले में असम राइफल्स का एक जवान शहीद हो गया। हमले में चार अन्य जवान भी घायल हो गए। यह घटना सीमा के उस संवेदनशील इलाके में हुई, जहां सुरक्षा बल गश्त कर रहे थे और सीमा पर बाड़ लगाने का काम भी चल रहा था। बताया जा रहा है कि घटना चांगलांग जिले के नामपोंग सर्कल में नामपोंग नाले के पास सुबह करीब साढ़े छह बजे हुई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, 21 असम राइफल्स के जवान उस इलाके में नियमित गश्त पर थे।
अधिकारियों के मुताबिक, गश्ती दल पर संदिग्ध उग्रवादियों ने अचानक और अंधाधुंध गोलीबारी कर दी। इस हमले में 42 वर्षीय हवलदार जानखोकाई कुकी की मौके पर ही मौत हो गई। चार अन्य जवान घायल हो गए। घायल जवानों को तुरंत इलाज के लिए अस्पताल ले जाया गया, जहां इलजा चल रहा है। हमले के बाद इलाके में सुरक्षा बलों ने तलाशी और कॉम्बिंग ऑपरेशन तेज कर दिया है। जवान इलाके के जंगलों, नालों और सीमा के आसपास के रास्तों की जांच कर रहे हैं। सुरक्षा एजेंसियां यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही हैं कि हमलावर गश्ती दल के कितने करीब आए, उन्होंने किस दिशा से फायरिंग की और हमले के बाद किस रास्ते से भाग गए।
चांगलांग के पुलिस अधीक्षक किर्ली पाडू ने बताया कि उन्हें घटना की सूचना मिल चुकी है। उन्होंने चांगलांग थाना प्रभारी को मामले की पूरी जानकारी जुटाने के निर्देश दिए हैं। बता दें कि यह इलाका लंबे समय से संवेदनशील माना जाता है। चांगलांग जिला म्यांमार से लगती अंतरराष्ट्रीय सीमा पर है। यहां कई जगहों पर सीमा अभी पूरी तरह बाड़ से बंद नहीं है। घने जंगल, पहाड़ी रास्ते और सीमा पार आवाजाही की वजह से सुरक्षा बलों के लिए यह क्षेत्र चुनौतीपूर्ण रहता है। पूर्वोत्तर के इस हिस्से में कुछ विद्रोही गुट सक्रिय बताए जाते हैं। चांगलांग के साथ तिरप और लोंगडिंग जैसे इलाके भी सुरक्षा की दृष्टि से संवेदनशील माने जाते हैं।
शुरुआती जानकारी में एनएससीएन के-वाईए यानी युंग आंग गुट के उग्रवादियों की संलिप्तता की आशंका जताई गई है। कुछ रिपोर्टों में उल्फा-आई का भी जिक्र आया है, लेकिन इस बात की अभी कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। इस बीच असम राइफल्स ने शहीद जवान को श्रद्धांजलि दी है। महानिदेशक लेफ्टिनेंट जनरल विकास लखेड़ा और बल के सभी रैंकों ने हवलदार जानखोकाई कुकी को श्रद्धांजलि देते हुए कहा कि उन्होंने कर्तव्य निभाते हुए अपना सर्वोच्च बलिदान दिया। बल ने शहीद के परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है और कहा है कि पूरा असम राइफल्स परिवार उनके साथ खड़ा है।
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