भोपाल। एल एन आयुर्वेद कॉलेज एवं हॉस्पिटल कोलार रोड भोपाल में लगातार रोगियों का रुझान एवं विश्वास बढ़ता जा रहा है। यहां पर शल्य चिकित्सा नेत्ररोग, नाक, कान, गला रोग, स्त्री रोग, बाल रोग व पंचकर्म चिकित्सा के माध्यम से मरीजों के सफल उपचार किए जा रहे हैं।
इसी कड़ी में शल्य विभाग के चिकित्सक डॉ स्वाति जैन, डॉ निर्मला सावरकर, डॉ आशुतोष शुक्ला, डॉक्टर आदिल खान के कुशल निर्देशन में शल्यकर्म सर्जरी द्वारा जटिल रोगों जैसे बवासीर (पाईल्स), भगंदर (फिस्टूला), परिकर्तिका (फिशर), गुदागत फोडा (एनोरेक्टल एब्सेस), नासुर (साईनस) की सफलता की जा रही है।
हाल ही में जटिल भगंदर व्याधि की शल्य चिकित्सा आयुर्वेद की प्रसिद्ध विद्या क्षारसूत्र बंधन विधि द्वारा की गई। जिसमें टेक्नीशियन कपिल बाघ एवं नर्सिंग स्टाफ विजय परमार व प्रतिमा का भी सहयोग रहा है।
शल्य विभाग की इस उपलब्धि का महाविद्यालय के प्राचार्य डॉक्टर सपन जैन व निर्देशक डॉ विशाल शिवहरे ने शल्य विभाग को अपनी शुभकामनाएं प्रेषित की। व रोगियों से अधिक से अधिक संख्या में चिकित्सा लाभ लेने हेतु अपील की।
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